गोरखपुर में बिछा फोरलेन सड़कों का जाल, तीन साल में बदल गई शहर की तस्वीर

गोरक्षपीठाधीवश्वर महंत योगी आदित्यनाथ ने बतौर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री तीन साल का कार्यकाल बृहस्पतिवार को पूरा कर लिया है। इन तीन सालों में गोरखपुर की तस्वीर बदल गई। गोरखपुर में फोरलेन सड़कों का जाल बिछाया जा रहा है। अंडरपास, पुल और ओवरब्रिज का निर्माण तेजी से चल रहा है। पूर्वांचल लिंक एक्सप्रेस वे और औद्योगिक कॉरिडोर से विकास की रफ्तार और तेज होगी। रोजगार की संभावना बढ़ेगी। इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम से यातायात व्यवस्था को दुरुस्त करने का काम भी शुरू हो गया है।


मॉडल सड़क, सुंदर होंगे बंधे
नौसड़ से कालेसर के बीच की सड़क मॉडल बनाई जाएगी। कालेसर इंट्री प्वाइंट को बेहतरीन लुक दिया जा रहा है। नौसड़ से कालेसर के बीच राप्ती नदी के बंधे को भी सजाया-संवारा जा रहा है। सड़क के बीच लाइटिंग का काम पूरा हो चुका है।


फोरलेन, जिनका निर्माण तेजी से हो रहा है
- गोरखपुर-देवरिया फोरलेन की लंबाई 45.3 किलोमीटर है। इसके निर्माण पर 379.21 करोड़ खर्च किए जा रहे हैं। इसका निर्माण मार्च में पूरा होना था पर एस्टीमेट समय से रिवाइज नहीं हो सका। अब जून 2020 तक काम पूरा होगा।
- गोरखपुर-महराजगंज फोरलेन का काम तेजी से चल रहा है। इसका निर्माण जून 2020 तक पूरा हो जाएगा। 31.35 किलोमीटर लंबे फोरलेन के निर्माण पर 567.49 करोड़ खर्च होंगे।
- गोरखपुर से बड़हलगंज फोरलेन का निर्माण भी इसी साल पूरा हो जाएगा। फोरलेन निर्माण में देरी का संज्ञान मुख्यमंत्री योगी ने लिया था। कहा था कि जल्द काम पूरा नहीं हुआ तो कार्यदायी संस्था के खिलाफ कार्रवाई होगी। अब कामकाज की मॉनीटरिंग पीएमओ से की जा रही है।
- मोहद्दीपुर से जंगलकौड़िया फोरलेन का निर्माण जल्द पूरा होगा। इस मार्ग के निर्माण में जो भी अतिक्रमण थे, उन्हें ढहाया जा रहा है।
- कालेसर से जंगल कौड़िया फोरलेन बनकर तैयार है। इसका लोकार्पण 31 मार्च तक करने की तैयारी है। मोहद्दीपुर से जंगलकौड़िया फोरलेन का निर्माण भी तेजी से चल रहा है।